औद्योगिक विवादों के कारण क्या हैं?

औद्योगिक क्रांति ने पूंजीवादी अर्थव्यवस्था के लिए एवं औद्योगिक समाज को श्रमिकों और पूंजीपतियों से अलग करने के लिए सामाजिक पुनर्गठन की योजना बनाकर एक मंच गठित किया। पूंजीपतियों के पास संसाधन और उत्पादन दोनों के ही साधन मौजूद होते हैं, जबकि श्रमिक अपनी सेवाएं पूंजीपतियों को बेचतें हैं। देखा जाए तो दोनों समूह किसी भी सामान्य रुचि को साझा नहीं करते हैं। श्रमिकों को अधिक वेतन और बेहतरीन कामकाजी व्यवस्था चाहिए जबकि पूंजीपति श्रमिकों के सीमित शक्ति का फायदा उठाकर उन्हें उनके अधिकारों से वंचित करते हैं। इसके अलावा, नियोक्ता अधिक काम भी कराना चाहते हैं। जब इन वि...

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भारत में MSME पंजीकरण के लाभ

सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (MSME) भारत जैसे विकासशील देश की अर्थव्यवस्था का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। इन उद्योगों को लघु उद्योग (Small Scale Industries-SSI) भी कहा जाता है। MSME पंजीकरण इन व्यापारों को भारत सरकार द्वारा ख़ास रूप से दिए गए लाभों का लाभ आवागमन सुनिश्चित करता है। MSME अधिनियम के अनुसार, किसी भी कंपनी को MSME पंजीकरण प्राप्त करने का अधिकार है, चाहे वह विनिर्माण उद्योग में हो या सेवा उद्योग में। हालाँकि भारत सरकार ने अभी तक MSME पंजीकरण को अनिवार्य नहीं किया है, लेकिन इस योजना के तहत व्यापार को पंजीकृत करने से करों के, व्यवसाय स्थापित करने ...

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बोनस गणना के बारे में आपको जो कुछ जानने की आवश्यकता है

बोनस कर्मचारियों को उनके मूल वेतन के अतिरिक्त दिया जाने वाला भुगतान होता है। ऐसे भुगतानों में आमतौर पर सामान्य वेतन के ऊपर अतिरिक्त वेतन या मुआवजा शामिल हो सकता है। कंपनीयां शुरुआती दौर के कर्मचारियों और वरिष्ठ प्रबन्धकों को बोनस दे सकती है। इसके अलावा, कंपनियां भावी कर्मचारियों के साथ ही शेयरधारकों के बीच भी बोनस को वितरित कर सकती हैं। बोनस वेतन क्या है? बोनस वेतन में कर्मचारी को उनके मूल वेतन के अलावा मुआवजा मिलता है। बोनस भुगतान कंपनियों के लिए उन कर्मचारियों या टीमों के प्रति सराहना दिखाने का एक तरीका है जिन्होंने महत्वपूर्ण लक्ष्य हासिल किए हैं। ...

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